विभूतिखंड: पांच लुटेरे गिरफ्तार, सरगना सहित तीन फरार
आठ लुटेरों ने कलेक्शन एजेंट से लूटे थे 75 लाख
सेवी ग्रैंड होटल के पास हुई लूट का मामला, 45 लाख रुपए की नकदी व घटना में इस्तेमाल स्कार्पियो बरामद
सीसीटीवी फुटेज से चिन्हित तीन बदमाशों की तलाश
ए अहमद सौदागर लखनऊ। विभूतिखंड क्षेत्र के सेवी ग्रैंड होटल के पास पांच अप्रैल 2026 की देर शाम गुजरात निवासी कलेक्शन एजेंट निकुल सिंह जडेजा को धक्का देकर 75 लाख रुपए लूटने वाले पांच लुटेरों को डीसीपी पूर्वी की क्राइम टीम, सर्विलांस व इंस्पेक्टर विभूतिखंड अमर सिंह की संयुक्त टीम ने शुक्रवार कठौता झील के पास गिरफ्तार किया है। जबकि इस गिरोह के सरगना सहित तीन बदमाश अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पुलिस टीम ने इनके पास से 45 लाख रुपए की नकदी व घटना में इस्तेमाल स्कार्पियो बरामद हुई है।
डीसीपी पूर्वी डॉ दीक्षा शर्मा के मुताबिक पकड़े गए पांचों लुटेरों ने पूछताछ में अपना नाम सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र के माढरमऊ गांव निवासी अतुल कुमार रावत पुत्र रूद्र कुमार रावत, कैट थाना क्षेत्र के पिपराघाट दिल कुशा निवासी विशाल सिंह पुत्र स्व लल्लन सिंह, इंदिरा नगर थाना क्षेत्र स्थित बादशाह खेड़ा तकरोही गांव निवासी राहुल यादव पुत्र ओमप्रकाश यादव, उपरोक्त निवासी आकाश यादव पुत्र राम किशोर यादव व विभूतिखंड थाना क्षेत्र स्थित तख्वा विराज खंड पांच गोमतीनगर निवासी अमित कुमार गुप्ता पुत्र स्व सर्वेश कुमार गुप्ता बताया।
डीसीपी पूर्वी डॉ दीक्षा शर्मा का कहना है कि आसपास में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज की मदद से चिन्हित बदमाशों ने अपना जुर्म इक़बाल करते हुए कहा ये लोग अपने तीन साथियों सुमित, राजकुमार व सलमान के साथ मिलकर घटना को अंजाम दिया था।
लालच का भूत सवार होने पर की थी घटना
डीसीपी पूर्वी डॉ दीक्षा शर्मा के मुताबिक गिरफ्तार राहुल यादव ने बताया कि वह होटल में ड्राइवर और वह अलग-अलग जिलों में जाकर होटल/बिजनेस का पैसा कलेक्ट करता है। आरोपित राहुल कई सालों से इस काम को कर रहा था कि मोटी रकम देख इसकी नीयत डमाडोल हो गई और उसने अपने चचेरे भाई आकाश यादव के साथ लूटपाट करने की योजना बना डाला। आकाश ने अपने मित्र सलमान जो जमीन कारोबारी के यहां दलाली करता है, मुख्य आरोपित राजकुमार, सुमित व विशाल के साथ मिलकर योजना बनाई और कलेक्शन एजेंट निकुल सिंह जडेजा पांच अप्रैल की देर शाम जैसे ही होटल से निकले कि स्कार्पियो पर सवार होकर सभी लुटेरों ने श्री जडेजा को धक्का मारकर नोटों से भरा बैग लूट ले गए थे। हालांकि शुरुआती दौर में हवाला से जुड़ा मामला सामने आया था। इस मामले में डीसीपी पूर्वी डॉ दीक्षा शर्मा ने बताया कि कई बिंदुओं पर गहनता से छानबीन की जा रही है।
इस गुड वर्क पर खुश होकर डीसीपी पूर्वी ने पुलिस टीम को दी शाबाशी
निरीक्षक शिवानंद मिश्रा, उपनिरीक्षक आशुतोष पाण्डेय, उपनिरीक्षक राहुल त्रिपाठी, उपनिरीक्षक प्रकाश, उपनिरीक्षक प्रशांत कुमार, उपनिरीक्षक मोहम्मद असलम, उपनिरीक्षक अमरनाथ चौरसिया, मुख्य आरक्षी संदीप पाण्डेय, मुख्य आरक्षी अमित कुमार सिंह, आरक्षी विमल चन्द्र पाल, आरक्षी प्रदीप कुमार, इंस्पेक्टर विभूतिखंड अमर सिंह, कांस्टेबल आशीर्वाद गौतम, उपनिरीक्षक केशव झा, उपनिरीक्षक इरशाद अहमद, उपनिरीक्षक सुहैल खान, उपनिरीक्षक ज्ञान सिंह, हेड कांस्टेबल अतुल कुमार पांडेय, हेड कांस्टेबल जीत सिंह, हेड कांस्टेबल अमित कुमार कुशवाहा, हेड कांस्टेबल हबीब खान, हेड कांस्टेबल दिलीप कुमार, हेड कांस्टेबल अरूण कुमार, हेड कांस्टेबल मनोज शुक्ला, हेड कांस्टेबल पवन कुमार, हेड कांस्टेबल धीरज, कांस्टेबल देशराज मुखिया, कांस्टेबल नाहर सिंह, कांस्टेबल मुकेश, मुख्य आरक्षी आकाश यादव, आरक्षी सचिन दुबे, आरक्षी शिवानंद खरवार, आरक्षी अजय यादव, आरक्षी दलवीर सिंह, उपनिरीक्षक स्वतंत्र कुमार यादव, उपनिरीक्षक शिवम कुमार, उपनिरीक्षक गौरव कुमार, उपनिरीक्षक सिद्धान्त सिंह, उपनिरीक्षक गणेश पटेल, उपनिरीक्षक अमरीश कुमार, हेड कांस्टेबल अजय कुमार सोनकर, हेड कांस्टेबल सर्वेश कुमार, हेड कांस्टेबल राजेश चन्द्र यादव, कांस्टेबल दुर्गेश सिंह, कांस्टेबल प्रशांत राठी, कांस्टेबल मोनू राठी व कांस्टेबल निर्भय सिंह को डीसीपी पूर्वी डॉ दीक्षा शर्मा ने शाबाशी दी और टीम को इनाम देने की घोषणा की।





