April 22, 2026 6:03 am

मानव तस्करी करने वाले नौ अपराधियों को न्यायालय नें दी सजा, एटीएस ने की थी पूरे मामले की पैरवी, जुर्माना भी लगा 

ए अहमद सौदागर

लखनऊ। यूपी एटीएस की प्रभावी पैरवी से मानव तस्करी के अन्तर्राष्ट्रीय सिन्डिकेट के पांच रोहिग्या व तीन बांग्लादेशी सहित नौ आरोपियों को 08-08 वर्ष के कठोर कारावास व जुर्माना की सजा न्यायालय नें सुनाई है।

एडीजी क़ानून व्यवस्था अमिताभ यश नें बताया कि एटीएस नें मोहम्मद नूर उर्फ नुरुल इस्लाम (बांग्लादेशी), रहमतउल्ला (रोहिंग्या), शबीउल्ला (रोहिंग्या) को अवैध घुसपैठ, अवैध दस्तावेज रखने व मानव तस्करी के जुर्म में 26 जुलाई 2021 को रेलवे स्टेशन गाजियाबाद से गिरफ्तार किया था। जिनके कब्जे से तीन पीडित व्यक्तियों को बरामद किया था। पीडितों में दो नाबालिग महिलाएं शामिल थी।

एडीजी क़ानून व्यवस्था अमिताभ यश नें बताया कि इस मुकदमे की विवेचना में साक्ष्यों के आधार पर आरोपी अब्दुल शकूर, आले मियां, मो० इस्माईल, मो० रफीक उर्फ रफीकुल इस्लाम, बप्पन उर्फ अरशद मियां व मो० हुसैन का नाम प्रकाश में आया।जिन्हे एटीएस नें गिरफ्तार कर जेल भेजा।

एडीजी क़ानून व्यवस्था अमिताभ यश नें बताया कि एटीएस नें इस विवेचना पूर्ण करते हुए सभी आरोपियों के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया।एडीजी क़ानून व्यवस्था अमिताभ यश नें बताया कि एटीएस द्वारा प्रस्तुत साक्ष्य औऱ प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरुप विचारण न्यायालय एनआईए एटीएस नें सभी आरोपियों को अवैध घुसपैठ, जाली दस्तावेज रखने एवं मानव तस्करी का दोषी पाते हुये 08-08 वर्ष के कठोर कारावास व 2500-2500 रुपये के जुर्माने से दण्डित किया गया।

56
Default choosing

Did you like our plugin?

error: Content is protected !!