औरास, उन्नाव (संवाददाता): नगर पंचायत औरास के कार्यालय में शुक्रवार को शासन द्वारा नियुक्त नामित सभासदों का शपथ ग्रहण समारोह संपन्न हुआ। शासन की मंशा थी कि नए सदस्यों के आने से विकास कार्यों को गति मिलेगी, लेकिन यह सरकारी कार्यक्रम पूरी तरह अव्यवस्थाओं की भेंट चढ़ गया। आलम यह रहा कि जहाँ एक ओर क्षेत्रीय विधायक को सूचना तक नहीं दी गई, वहीं दूसरी ओर जनता को घंटों चिलचिलाती धूप में खड़ा रहना पड़ा।
तीन नामित सभासदों ने ली शपथ
नगर पंचायत कार्यालय में आयोजित समारोह में उपजिलाधिकारी (SDM) प्रज्ञा पांडे ने नवनियुक्त नामित सभासदों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। नगर पंचायत अध्यक्ष राकेश कुमार की उपस्थिति में ध्यान प्रकाश चौरसिया, गौरव पांडे, रामजी गुप्ता ने शपथ ग्रहण की।
कार्यक्रम में औरास नगर और ग्रामीण क्षेत्रों से सैकड़ों की संख्या में लोग उत्साह के साथ पहुंचे थे। लेकिन नगर पंचायत प्रशासन की लापरवाही के कारण वहां बैठने के लिए पर्याप्त कुर्सियां तक नहीं थीं।
जनता का दर्द: मौके पर मौजूद एक ग्रामीण ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा, “जब शासन के इतने महत्वपूर्ण कार्यक्रम में आम जनता के बैठने तक की जगह नहीं है, तो विकास कार्यों की सुध कौन लेगा?”
सभासदों की नाराजगी: केवल जनता ही नहीं, बल्कि खुद नवनियुक्त नामित सभासदों ने भी कार्यक्रम स्थल पर कुप्रबंधन को लेकर नाराजगी जाहिर की और जिम्मेदार अधिकारियों को आड़े हाथों लिया।
शपथ ग्रहण समारोह में सबसे ज्यादा चर्चा का विषय क्षेत्रीय भाजपा विधायक बृजेश कुमार रावत की अनुपस्थिति रही। सूत्रों के अनुसार, इस शासकीय कार्यक्रम की सूचना स्थानीय विधायक को नहीं दी गई थी और न ही उन्हें आमंत्रित किया गया।
“शासन के कार्यक्रम को निजी कार्यक्रम की तरह निपटाने की कोशिश की गई है। प्रोटोकॉल की इस तरह अनदेखी करना स्थानीय प्रशासन की मनमानी को दर्शाता है।” — स्थानीय नागरिक
विधायक की अनदेखी और जनता की असुविधा को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों में गहरा रोष व्याप्त है। लोगों का आरोप है कि नगर पंचायत प्रशासन ने इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम को महज एक खानापूर्ति बनाकर छोड़ दिया।





