पुलिस एसडीआरएफ टीम के साथ पूरे दिन सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन सनी का पता नहीं लगा
ए अहमद सौदागर लखनऊ। चिनहट थाना क्षेत्र के लौलाई गांव से कुछ दूरी पर स्थित इंदिरा नहर की शाखा खारजा में नहाते समय 13 वर्षीय मासूम छात्र सनी कुमार बह गया। तेज बहाव के चलते वह गहराई में समा गया। पुलिस स्थानीय गोताखोरों और एसडीआरएफ टीम के साथ मासूम की तलाश में जुटी रही, 18-20 घंटे तक सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन छात्र सनी का पता नहीं लगा।
सनद रहे कि मूल रूप से सीतापुर जिले के संदना थाना क्षेत्र स्थित बसंतपुर गांव निवासी संदीप पत्नी व दो बेटों रूचित व सनी उर्फ गोली के साथ चिनहट क्षेत्र के लौलाई गांव के पास कांशीराम कॉलोनी में रहते हैं। संदीप एमिटी यूनिवर्सिटी में नौकरी कर परिवार का जीवन यापन करते हैं।
उनका 13 वर्षीय छोटा बेटा सनी कुमार उर्फ गोली इसी इलाके में एक निजी स्कूल में कक्षा सातवीं का छात्र है। रविवार को स्कूल की छुट्टी होने के नाते सनी अपने साथियों के साथ कॉलोनी के पास से गुजर रहे इंदिरा नहर की शाखा खारजा नहाने के लिए गया था। बताया जा रहा है कि वह दो-तीन बार नहाते समय उछल-कूद किया तभी तेज बहाव के चलते गहराई में चला गया। बताया जा रहा है कि उसके साथ नहाने गए बच्चों ने उसे बचाने के लिए आगे बढ़े, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज था कि वह अपने साथी को बचा नहीं सके। बच्चों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग दौड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और मासूम छात्र सनी कुमार गहराई में समा गया। सूचना मिलते ही इंस्पेक्टर चिनहट दिनेश चंद्र मिश्रा मौके पर पहुंचे और स्थानीय गोताखोरों एवं एसडीआरएफ टीम को बुलाकर बच्चे की तलाश शुरू की। एसडीआरएफ टीम 18-28 घंटे तक सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल पाया।
वापस लौट आओ मेरे लाल, मां की दर्द भरी आवाज सुनते ही वहां पर मौजूद लोगों के छलक पड़े आंसू
छोटा बेटे सनी कुमार उर्फ गोली के खोने के बाद उसकी मां और पिता संदीप के आंसू थम नहीं रहे हैं, जबकि बड़े बेटे रूचित का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास में रहने वाले लोग उन्हें सांत्वना देने में जुटे रहे। बस उनकी जुबान पर एक ही अल्फाज़ निकल रहा था कि बेटा लौट आओ। यह सुनते ही वहां पर मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गई।



