उन्नाव। (संवाददाता) जनपद के औरास-रहीमाबाद मार्ग पर शुरू हुआ सड़क चौड़ीकरण का कार्य अब आम जनता और राहगीरों के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है। सड़क निर्माण के दौरान उड़ने वाली धूल के गुबार ने इस मार्ग को ‘सफर-ए-मुसीबत’ में तब्दील कर दिया है।
स्थानीय लोगों और राहगीरों का आरोप है कि लोक निर्माण विभाग (PWD) और संबंधित ठेकेदार द्वारा मानकों की अनदेखी की जा रही है। नियमानुसार, निर्माण कार्य के दौरान उड़ती धूल को दबाने के लिए नियमित अंतराल पर पानी का छिड़काव किया जाना अनिवार्य है, लेकिन इस रोड पर ऐसा कुछ भी नहीं दिख रहा।
राहगीरों ने अपनी व्यथा बताते हुए कहा कि बाइक सवारों और पैदल चलने वालों की आंखों में धूल गिरने से जलन और इन्फेक्शन का खतरा बना रहता है। धूल के कारण सामने से आने वाले वाहन दिखाई नहीं देते, जिससे इस व्यस्त मार्ग पर भीषण सड़क दुर्घटना की आशंका हर पल बनी रहती है।
सड़क किनारे स्थित दुकानदारों का कहना है कि उनकी दुकानों के सामान पर धूल की मोटी परत जम रही है, जिससे उनका व्यवसाय भी प्रभावित हो रहा है।
धूल के कारण सांस लेना मुश्किल हो गया है। बिना चश्मे के इस रोड पर चलना जान जोखिम में डालने जैसा है। विभाग को तुरंत पानी का छिड़काव शुरू करवाना चाहिए।”
क्षेत्रीय जनता ने जिला प्रशासन और पी.डब्ल्यू.डी.के उच्चाधिकारियों से मांग की है कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित कराया जाए और प्रतिदिन सुबह-शाम पानी का छिड़काव हो, ताकि राहगीर सुरक्षित सफर कर सकें।




