औरास, उन्नाव। (संवाददाता) ‘बाबू जी धीरे चलना, औरास में जरा सम्भलना, बड़े गड्ढे हैं इस राह में…’ यह महज कोई फिल्मी गाना नहीं, बल्कि इस समय औरास चौराहा से कबरोई मार्ग पर चलने वाले राहगीरों की कड़वी सच्चाई बन चुका है। लोक निर्माण विभाग (PWD) की घोर लापरवाही के चलते यह व्यस्त सड़क इस समय हादसों का मुख्य केंद्र बनी हुई है, जहां राहगीर हर पल जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं।
लापरवाही की खुली तस्वीर: गड्ढे या मौत का जाल?
स्थानीय चौराहे के पास सड़क के बीचों-बीच बना यह गहरा गड्ढा विभाग के विकास दावों की पोल खोलने के लिए काफी है। तस्वीर साफ बयां कर रही है कि सड़क का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह धंस चुका है, जिससे कंक्रीट और नुकीले पत्थर बाहर आ गए हैं।
दिखाई नहीं देता खतरा: दिन के उजाले में तो राहगीर जैसे-तैसे बचकर निकल जाते हैं, लेकिन रात के अंधेरे में यह गड्ढा किसी बड़े हादसे को खुली दावत देता है।
विभाग मौन: लोक निर्माण विभाग द्वारा बनाई गई इस सड़क की हालत इतनी बदतर हो चुकी है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी आंखें मूंदकर बैठे हैं।
स्थानीय लोगों नीरज कुमार शर्मा, अजीत सिंह, सभासद प्रतिनिधि ललित कनौजिया रिंकू, बाऊवा और राहगीरों में भारी आक्रोश
इस मार्ग से रोजाना सैकड़ों की संख्या में स्कूली बच्चे, ग्रामीण और राहगीर गुजरते हैं। स्थानीय दुकानदारों और ग्रामीणों का कहना है कि यहां आए दिन दोपहिया वाहन चालक अनियंत्रित होकर गिर रहे हैं और चोटिल हो रहे हैं। विभाग किसी बड़ी अनहोनी या किसी की जान जाने का इंतजार कर रहा है?
बड़ा सवाल: लोक निर्माण विभाग के ठेकेदारों और अधिकारियों की इस लापरवाही का खामियाजा आखिर कब तक औरास की जनता भुगतती रहेगी? शासन-प्रशासन को इस पर तत्काल संज्ञान लेकर सड़क की मरम्मत करानी चाहिए, ताकि किसी मासूम की जान न जाए।


