लखनऊ। (संवाददाता) आलमबाग क्षेत्र स्थित एलडी 55 सी रेलवे कॉलोनी में रहने वाली 23 वर्षीय दीपांशु उर्फ कमोलिका किन्नर ने फांसी लगा ली। उसका शव सोमवार मकान में लगे पाइप में दुपट्टा के सहारे फांसी के फंदे से लटका मिला। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा, लेकिन यह पता नहीं चल पाया कि कमोलिका ने यह कदम क्यों उठाया। वहीं इसकी खबर मिलते ही किन्नर समाज में शोक की लहर दौड़ गई और मौके पर इस समाज से जुड़े कई मौके पर पहुंचे। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
आलमबाग क्षेत्र स्थित एलडी 55 सी रेलवे कॉलोनी में किन्नर दीपांशु उर्फ कमोलिका कुछ दिनों से यहां किराए के मकान में रहतीं थीं।
बताया जा रहा है कि वह हमेशा की तरह लोगों के बीच घुल-मिल कर रहतीं थीं। बताया जा रहा है मोहल्ले या फिर आसपास में रहने वाले लोग कमोलिका दीदी कहकर पुकारते थे वह भी खुश रहती थी, लेकिन कौन सी ऐसी परेशानी आ पड़ी कि दीपांशु उर्फ कमोलिका न झेल सकीं और खुदकुशी कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। खास बात यह है कि यह पहला मामला है किसी किन्नर आत्महत्या करने के लिए मजबूर हुआ। क्योंकि यही एक ऐसा समाज है जो खुद का दर्द झेल दूसरों के दर्द में हिस्सा बांटने का काम करता है।
खुदकुशी किए जाने की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और उसके सहपाठियों की मदद से शव को फंदे से नीचे उतरवाया और पंचनामा भर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस के मुताबिक इस मामले की गहनता से जांच पड़ताल की जा रही है।




