शिक्षक संघ ने विभाग पर दोहरे मापदंड का लगाया आरोप
मलिहाबाद लखनऊ। बेसिक शिक्षा परिषद के नियंत्रणाधीन परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों के साथ दोहरा मापदंड अपनाते हुए शिक्षकों से पंजिकाओं के डिजिटलाइजेशन व डिजिटल उपस्थिति के विरोध में उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष सुशील कुमार पांडे ने बेसिक शिक्षा मंत्री उत्तर प्रदेश को पत्र भेज कर अपना विरोध दर्ज कराया है ।
पत्र के माध्यम से कहा गया है कि शिक्षकों की मूलभूत समस्याओं जैसे वेतन विसंगति, ई एल की मांग, चिकित्सीय सुविधा, पुरानी पेंशन, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की नियुक्ति , लिपिक की नियुक्ति आदि का समाधान करने की बजाय शिक्षकों पर ऑनलाइन उपस्थिति को जबरदस्ती थोपा जा रहा है किसी व्यक्ति का डिजिटल ऑनलाइन फोटो प्रयोग किया जाना उस व्यक्ति की निजता के अधिकार का हनन है
आपको बता दें कि 15 जुलाई से टैबलेट के माध्यम से परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज की जानी है ।महानिदेशक स्कूल शिक्षा कंचन वर्मा की ओर से जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि परिषदीय स्कूलों में सभी रजिस्टर डिजिटल माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे और ऑनलाइन हाजिरी लगेगी जिसको लेकर समस्त शिक्षक संगठनों में रोष व्याप्त है।
संगठनों का कहना है कि महानिदेशक का आदेश व्यवहारिकता से कोसों दूर है और अपनी वाहवाही के चक्कर में शिक्षकों का उत्पीड़न किया जा रहा है,क्योंकि सचिवालय कर्मचारी, राज्य कर्मचारी ,माध्यमिक शिक्षा, उच्च शिक्षा व अन्य विभागों में डिजिटल फेस रिकॉग्निशन सिस्टम लागू नहीं है।




