तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडेय के इशारे पर किसान नेता डॉ दिग्विजय भाटी को दी थी थर्ड डिग्री
डीआईजी सहारनपुर अभिषेक सिंह कर रहे पूरे मामले की जांच
ए अहमद सौदागर लखनऊ। किसान नेता डॉ दिग्विजय भाटी को बंधक बनाकर बेरहमी से पीटने वाले इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ सहित आठ पुलिसकर्मियों को मेरठ के नए एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने जांच-पड़ताल में दोषी पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया।
जबकि शासन ने इससे पहले तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडेय को हटाकर पुलिस मुख्यालय अटैच कर दिया था। इन्होंने खुद डॉ दिग्विजय भाटी को पीट-पीटकर जख्मी किया और इनके इशारे सिविल लाइन थाना प्रभारी अखिलेश गौड़ सहित आठ पुलिसकर्मियों ने जमकर पिटाई करने के बाद थर्ड डिग्री जैसी घिनौनी सजा दे डाली थी।
सनद रहे कि दो दिन पहले अमरोहा जिले के हसनपुर विधान सभा क्षेत्र में रहने वाले किसान नेता डॉ दिग्विजय भाटी ने जैसे ही अपनी पीड़ा सोशल मीडिया पर वायरल किया तो मानो पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में जिम्मेदार पुलिस के आलाधिकारियों ने इसकी जांच पड़ताल शुरू की।
वायरल हुई वीडियो में डॉ दिग्विजय भाटी ने बताया कि वह मेरठ जिले के कप्तान रहे अविनाश पांडेय से अपने कुछ साथियों के साथ मिलने गए थे। बातचीत चल रही थी कि इसी दौरान कप्तान अविनाश पांडेय ने कहा डॉ दिग्विजय भाटी कौन है। साथ में गए लोगों ने बताया कि यही हैं डॉ दिग्विजय भाटी। यह सुनते ही उनका पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया और गिरेबान पकड़ते हुए वह किसान नेता डॉ दिग्विजय भाटी पर कहर बनकर बरस पड़े। आरोप है कि अविनाश पांडेय अपने विश्राम रूम में लेजाकर जमकर पिटाई की। इतने पर सब्र नहीं हुआ तो उन्होंने इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ को बुलाकर उन्हें इशारा किया तबीयत से दवा देना ताकि हमेशा याद रहे।
इशारा मिलते ही इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ मर्यादा लांघते हुए किसान नेता डॉ दिग्विजय भाटी को बंधक बनाकर जमकर लात-घूंसे और लाठियां बरसाते हुए थर्ड डिग्री तक दे डाला।
इस घटना की खबर जैसे ही सोशल मीडिया पर वायरल हुई तो मानो पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने की प्रक्रिया शुरू कर दी। पुलिस के आलाधिकारियों ने इसकी जांच डीआईजी सहारनपुर अभिषेक सिंह को दी। हालांकि शासन ने तत्काल प्रभाव से खाकी वर्दी को बदनाम करने वाले कप्तान अविनाश पांडेय को हटाकर पुलिस मुख्यालय अटैच कर दिया था।
मेरठ के नए एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने शनिवार को मर्यादा लांघने वाले पुलिसकर्मियों इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़, उपनिरीक्षक मुलायम सिंह, हेड कांस्टेबल हरिओम, कांस्टेबल मुकेश कुमार, सुमित कुमार, हेड कांस्टेबल श्याम बाबू, महिला कांस्टेबल नीलम व चालक ललित कुमार को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया।
पहले भी कई बार पुलिसवाले लगा चुके हैं खाकी पर दाग
राजधानी लखनऊ का बहुचर्चित श्रवण साहू कांड, मोबाइल कंपनी के एरिया मैनेजर को गोली मारने, गोसाईगंज में कोयला कारोबारी अंकित अग्रहरि के यहां करोड़ों की हुई डकैती या कानपुर निवासी कारोबारी मनीष हत्याकांड, पुलिसकर्मी कई बार खाकी वर्दी पर दाग लगा चुके हैं। पिछले कुछ सालों के भीतर दागी पुलिसकर्मियों ने कई बार शर्मसार किया है। इन मामलों की चर्चा खत्म भी नहीं हुई थी मेरठ जिले में तैनात तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडेय और उनके मातहतों ने एक बार फिर पुलिस महकमे की किरकिरी कर डाली।





