लखनऊ। मोहनलालगंज तहसील में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी श्री विशाख जी. ने जनता की समस्याओं को सुना और उनके त्वरित व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने निम्नलिखित बिंदुओं पर जोर दिया।
पिछले प्रकरणों का सत्यापन: जिलाधिकारी ने सभी विभागों को निर्देश दिए कि पिछले तहसील दिवस में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की स्थिति की समीक्षा की जाए। अधिकारियों को शिकायतकर्ताओं से फोन पर संपर्क कर निस्तारण की संतुष्टि का सत्यापन करने को कहा गया, ताकि यह सुनिश्चित हो कि समाधान प्रभावी और संतोषजनक है।
तत्काल और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण: संपूर्ण समाधान दिवस में आए प्रकरणों का तत्काल, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने पर विशेष बल दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि शिकायतों को लंबित न रखा जाए और प्रत्येक शिकायतकर्ता को निस्तारण की जानकारी दी जाए।
फीडबैक और जवाबदेही: निस्तारण के बाद अधिकारियों को शिकायतकर्ताओं से फीडबैक लेने का निर्देश दिया गया, ताकि प्रशासन की जवाबदेही बढ़े और जनता का विश्वास मजबूत हो। यह सुनिश्चित करने के लिए कि समाधान संतोषजनक है, फोन कॉल के माध्यम से सत्यापन पर जोर दिया गया।
संपूर्ण समाधान दिवस उत्तर प्रदेश सरकार का एक महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है, जो प्रत्येक माह के पहले और तीसरे शनिवार को तहसील स्तर पर आयोजित होता है। इसका उद्देश्य जनता की शिकायतों का त्वरित और पारदर्शी निस्तारण करना है। इस अवसर पर राजस्व, पुलिस, विकास और अन्य विभागों से संबंधित शिकायतें प्रमुख रूप से प्राप्त होती हैं, जिनके निस्तारण के लिए संयुक्त टीमें गठित की जाती हैं।
जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि शासन की मंशा के अनुरूप सभी शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से होना चाहिए, ताकि आमजन का प्रशासन पर भरोसा बना रहे।




