न्यूज ऑफ इंडिया (एजेंसी) लखनऊ / गौतमबुद्ध नगर। उत्तर प्रदेश रियल एस्टेट विनियामक प्राधिकरण (यू.पी. रेरा) द्वारा एजेंट प्रशिक्षण कार्यक्रम का 25वां बैच बुधवार से कानपुर रोड लखनऊ स्थित इंडियन लिटरेसी हाउस में आरंभ हुआ। यह चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम एजेंटों को रियल एस्टेट से जुड़े कानूनी, नैतिक और व्यावहारिक पहलुओं की गहन जानकारी देने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में कुल 45 प्रतिभागी प्रतिभाग ले रहे हैं।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। उद्घाटन सत्र में यू.पी. रेरा के अध्यक्ष संजय भूसरेड्डी ने अपने वक्तव्य में कहा कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा वर्षों के विचार-विमर्श और मंथन के बाद तैयार की गई है। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को रेरा से संबंधित सभी महत्वपूर्ण प्रावधानों, नियमों और अधिनियमों की विस्तृत जानकारी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि रियल एस्टेट क्षेत्र में लंबे समय से चली आ रही नकारात्मक धारणा न केवल प्रमोटरों को, बल्कि खरीदारों और एजेंटों को भी प्रभावित करती रही है। इसी समस्या को दूर करने के उद्देश्य से रेरा की स्थापना की गई थी।
उन्होंने आगे कहा कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम एजेंटों को उनके नैतिक, कानूनी और पेशेवर कर्तव्यों की गहरी समझ प्रदान करेगा। रेरा अध्यक्ष ने कहा कि जिस प्रकार परियोजनाओं के पंजीकरण से पहले सभी दस्तावेजों की गहन जांच की जाती है, उसी तरह एजेंटों को भी परियोजनाओं और परिसंपत्तियों से संबंधित सभी तथ्यों की पूरी जानकारी रखनी चाहिए और ग्राहकों के साथ पारदर्शितापूर्वक व्यवहार करना चाहिए। इससे उपभोक्ताओं का भरोसा और मजबूत होगा। इसके पश्चात रेरा के सचिव महेंद्र वर्मा ने चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा से सभी प्रतिभागियों को अवगत कराया।
प्रशिक्षण के पहले दिन प्रधान सलाहकार अबरार अहमद ने “रेरा अधिनियम, यू.पी. रेरा नियम एवं विनियम” विषय पर सत्र लिया। इसके बाद न्याय निर्णायक अधिकारी हरीश त्रिपाठी ने “अनुबंध अधिनियम और संपत्ति अंतरण अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधानों” पर सत्र आयोजित किया। इसके अतिरिक्त पहले दिन के कार्यक्रम में “परियोजनाओं के प्रचार-प्रसार के दिशा-निर्देश”, “एजेंट पोर्टल के संचालन” और “स्टाम्प एवं पंजीकरण से संबंधित प्रावधानों” पर भी उपयोगी सत्र हुए।
यू.पी. रेरा द्वारा यह प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रदेशभर के रियल एस्टेट एजेंटों के लिए निरंतर आयोजित किया जा रहा है, ताकि वे अपने कार्यों में अधिक पारदर्शिता, ईमानदारी और पेशेवर दक्षता ला सकें। अभी तक कुल 24 बैचों के 996 एजेंटों को प्रशिक्षित किया जा चुका है। इस प्रकार के प्रशिक्षणों से एजेंट न केवल उपभोक्ताओं को सही जानकारी दे सकेंगे, बल्कि रियल एस्टेट क्षेत्र में विश्वास और जवाबदेही की संस्कृति को भी सुदृढ़ करेंगे।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में यूपी रेरा के संयुक्त सचिव उमा शंकर सिंह, सहायक निदेशक अमरीश कुमार, वित्त सलाहकार सुधांशु त्रिपाठी और इंडियन लिटरेसी बोर्ड की निदेशिका संध्या तिवारी उपस्थित रहीं।




