लखनऊ। राजधानी में वायरल फीवर के साथ साथ डेंगू का प्रभाव कम होने का नाम नहीं ले रहा है। मामला बालागंज के बरी रोड पुराना तोपखाना स्थित पाल जनरल स्टोर की तीसरे नंबर गली का है। जहां घरों में पहले से ही तीन डेंगू के मरीज पाये चुके हैं। वहीं शुक्रवार को जब इसकी सूचना जिला मलेरिया अधिकारी डॉ रितु श्रीवास्तव को दी तो उन्होंने बिना देरी किये स्वास्थ्य विभाग की टीम को भेज दिया। वहीं मौके पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने डेंगू वाले मरीजों के घरों के आस पास का सर्वेक्षण किया। जिसमें कई घरों में कूलर में भरा हुआ पानी पाया गया और वहीं भरे कूलर पानी में डेंगू जनित लार्वा भी पाया गया। जिसे स्वास्थ्य विभाग की टीम उन घरों को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने स्वास्थ्य शिक्षा देने के साथ निर्देश भी दिये।तथा साथ नोटिस सौंप दी गयी है। जिस तरह से शहर में डेंगू का प्रकोप बढ रहा है इसमें कहीं न कहीं लोगों में न समझ का भी असर है। जिससे अपनी लापरवाही पर तनिक भी ध्यान नहीं दे पाते और वे उन लोंगो को बीमारी की आग में झोंकने का कार्य कर रहें है।
वैसे भी ठंड का मौसम भी आ गया और लोंगो ने अपने घरों के कूलर का पानी तक नहीं निकाला है। इससे यह साबित हो जाता है कि कहीं न कहीं आम नागरिक की लापरवाही के कारण अन्य लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ जाता है और इस फायदे लाभ उठाने के लिए अवैध निजी अस्पताल इंतजार कर रहे है। जहां लाखों रूपये की धनहानि की समस्या से आम इंसान को जूझना पड़ जाता है। इसलिए सजग रहें, बदलते मौसम के चलते अपने घरों के कूलर को साफ सुथरा रखें,कहीं भी जलभराव की स्थिति न बनाये कि पड़ोसी का जीना दूभर हो जाये।वहीं दुबग्गा की हयातनगर कॉलोनी निवासी संजू (43) को दस दिन पहले तेज बुखार आया। डेंगू की जांच कराई तो पॉजिटिव निकलीं। प्लेटलेट्स 30 हजार से नीचे आ गईं तो कल्याण हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। प्लेटलेट्स चढ़ाने के बाद हालत और बिगड़ गई। इसके बाद वेंटीलेटर सपोर्ट पर रखा गया। सुबह करीब चार बजे उनकी मौत हो गई। आरोप है कि महिला की मौत बाद अस्पतालवालों ने दिल का दौरा पड़ने की बात कहकर लॉरी भेज दिया। यहां डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया।




