न्यूज ऑफ इंडिया (एजेंसी) लखनऊ। माननीय लोक आयुक्त, उत्तर प्रदेश न्यायमूर्ति संजय मिश्र ने आज दिनांक 09 सितम्बर 2025 को राजभवन में माननीय राज्यपाल के समक्ष लोक आयुक्त प्रशासन का वार्षिक प्रतिवेदन वर्ष 2024 प्रस्तुत किया। इस अवसर पर माननीय उप लोक आयुक्त दिनेश कुमार सिंह, सुरेन्द्र कुमार यादव, डॉ० श्रीमती रीमा बंसल, सचिव लोक आयुक्त त्रिपुरारी मिश्रा, मुख्य अन्वेषण अधिकारी राजेश कुमार, संयुक्त सचिव एवं जनसम्पर्क अधिकारी अवनीश शर्मा उपस्थित रहे।
लोक आयुक्त द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन के अनुसार वर्ष 2024 में कुल 2168 परिवाद प्राप्त हुए तथा पूर्व से लंबित 2316 परिवादों सहित कुल 4484 परिवाद विचाराधीन रहे, जिनमें से 2131 परिवादों का निस्तारण किया गया। इनमें 1200 परिवाद प्रारम्भिक स्तर पर तथा 931 परिवाद अन्वेषण के बाद निस्तारित किए गए। 31 दिसम्बर 2024 तक 2353 परिवाद लंबित रहे।
वर्ष 2024 में 115 परिवादों में शिकायतकर्ताओं को पूर्ण राहत प्रदान करायी गई। परिवादियों को उनके सेवानिवृत्त देयकों सहित कुल 3.72 करोड़ रुपये (372.01 लाख रुपये) की राशि भुगतान करायी गई। 09 शिकायतकर्ताओं ने लोक आयुक्त प्रशासन से प्राप्त राहत पर आभार प्रकट किया।
प्रतिवेदन में बताया गया कि वर्ष 2024 में माननीय लोक आयुक्त एवं उप लोक आयुक्तों द्वारा 31 प्रतिवेदन, 20 संस्तुतियाँ तथा 4 विशेष प्रतिवेदन सहित कुल 55 प्रतिवेदन प्रेषित किए गए। इन प्रतिवेदनों में भ्रष्टाचार और कुप्रशासन से संबंधित मामलों में 04 आईएएस अधिकारियों, 10 नगर पालिका/नगर पंचायत अध्यक्षों तथा 93 अन्य लोक सेवकों के विरुद्ध कार्यवाही की संस्तुति की गई।
लोक आयुक्त संगठन द्वारा वर्ष 2024 में जनजागरूकता हेतु महाकुंभ में जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया तथा लोक आयुक्त संस्था के अधिकार, कार्यप्रणाली एवं परिवाद दायर करने संबंधी जानकारी जनमानस को उपलब्ध करायी गई। इसके अतिरिक्त विभिन्न विश्वविद्यालयों के 250 छात्र-छात्राओं को ग्रीष्मकालीन एवं शीतकालीन अवकाशों में व्यवहारिक प्रशिक्षण/अध्ययन कराया गया।




