योग, लोकसंस्कृति और जनभागीदारी का अद्भुत संगम
लखनऊ। आशियाना के स्मृति उपवन प्रांगण में 25 दिनों से आयोजित हिंदुस्तान हस्तशिल्प महोत्सव का समापन सोमवार की शाम हो गया। इस रंगमंच कार्यक्रम की अंतिम संध्या पर मंच से महोत्सव समिति के पूर्व उपाध्यक्ष दिवंगत विनय दुबे की फोटो प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धा सुमन व्यक्त करते हुए शोकसभा का आयोजन किया गया।
जिसमे महोत्सव समिति अध्यक्ष समेत पदाधिकारियों एवं दिवंगत विनय दुबे की पत्नी आकांक्षा दुबे सहित सभी अतिथियों एवं आयोजकों ने दो मिनट का मौन व्रत धारण कर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना किए। जिसके उपरांत मुख्य अतिथि आनंद द्विवेदी, नगर अध्यक्ष,भारतीय जनता पार्टी, लखनऊ महानगर एवं अवनीश सिंह पटेल सदस्य विधान परिषद विशिष्ट अतिथि के रूप में संजय सिंह (वरिष्ठ भाजपा नेता), शैलेंद्र सिंह (भाजपा नेता) विनोद मिश्रा अध्यक्ष अवधी विकास संस्थान,अंबुज पटेल प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (विधिक) तथा पार्षद सौरभ सिंह मोनू की गरिमामयी उपस्थिति रही।
इस अवसर पर आयोजक अरुण प्रताप सिंह, गुंजन वर्मा, रणवीर सिंह एवं हेमू चौरसिया मंच पर उपस्थिति रहे। समापन अवसर पर प्राचीन योग संस्था द्वारा योग की वैज्ञानिक एवं सांस्कृतिक परंपरा पर आधारित प्रभावशाली प्रस्तुतियाँ दी गईं। प्राचीन योग की स्थापना वर्ष 2017 में विकास सिंह राजपूत एवं दल बहादुर सिंह द्वारा की गई थी। यह संस्था परंपरागत हठ योग,अष्टांग विन्यास योग एवं विन्यास फ्लो योग के साथ-साथ साधनात्मक एवं मनोवैज्ञानिक ध्यान पद्धतियों पर आधारित योग शिक्षा प्रदान करती है।
प्राचीन योग द्वारा आसन, प्राणायाम एवं ध्यान के साथ-साथ बाल योग, सभी आयु वर्ग के लोगों के शारीरिक, मानसिक एवं भावनात्मक स्वास्थ्य को सुदृढ़ किया जा सके। संस्थान के प्रतिभाशाली छात्र साक्षी चौधरी, आलोक कुमार सिंह, करिश्मा सिंह बाफिला, इन्द्रसेन यादव एवं निधि वर्मा विभिन्न मंचों एवं टीवी कार्यक्रमों के माध्यम से योग के विषय में अवगत करा रहे हैं। रंगारंग सांस्कृतिक संध्या में आ जा नच नच ले…अनुष्का शर्मा ने नृत्य कर समां बांधा। वही शांभवी सिंह ने क्लासिकल डांस कर दर्शकों को आकर्षित किया। कार्यक्रम के अगले पड़ाव में सूचना विभाग लखनऊ से संबद्ध फोक मीडिया फाउंडेशन के अध्यक्ष संतोष यादव एवं उनके सहयोगियों द्वारा अवधी–भोजपुरी लोकगीतों एवं लोकनृत्यों की मनमोहक प्रस्तुतियाँ दी गईं। “दुश्मन मिले सवेरे लेकिन मतलबी यार ना मिले”, “दुनिया बड़ा हरजाई”, “गवना कराओ” जैसे लोकप्रिय लोकगीतों के साथ समूह नृत्य प्रस्तुत किया गया। युगल गीत संतोष यादव एवं नीतू सिंह द्वारा प्रस्तुत किए गए, वहीं नीतू सिंह द्वारा गाए गए अवधी–भोजपुरी गीतों ने दर्शकों की खूब तालियाँ बटोरीं।
हिंदुस्तान हस्तशिल्प महोत्सव के समापन अवसर पर अतिथियों ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सांस्कृतिक एवं योग आधारित कार्यक्रम भारतीय परंपरा,लोकसंस्कृति एवं स्वस्थ जीवनशैली को जन-जन तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। समारोह के अंत में अरुण प्रताप सिंह, गुंजन वर्मा, रणवीर सिंह, हेमू चौरसिया, शक्ति सिंह अधिवक्ता,मोनालिसा, रोली सिंह, पवन सिंह चौहान एवं रोली जयसवाल आदि ने सभी अतिथियों, कलाकारों, योग प्रशिक्षकों एवं दर्शकों का आभार व्यक्त किया गया और अगले वर्ष पुनः मिलने का वादा भी किया। मंच का संचालन विजय गुप्ता ने किया।




