मलिहाबाद लखनऊ। (संवाददाता) राजधानी की मलिहाबाद काकोरी माल रहीमाबाद की साधन सरकारी समितियां के सचिवों एवं अधिकारियों की मनमानी के चलते किसानों को समय के अनुसार यूरिया खाद न मिलने से बहुत ही बेहाल हो चुके हैं जबकि रोज किसान अपना काम छोड़कर साधन सरकारी समितियां पर सुबह से लेकर शाम तक लाइन लाइन में लगकर भी खाद नहीं मिल पा रही जिससे बहुत ही किसानों में वर्तमान की सरकार के विरुद्ध दिन पर दिन आक्रोश बढ़ता जा रहा है लेकिन सवाल उठ रहा है कि इसमें गलती कर्मचारी एवं अधिकारियों में मिलकर किसानों के प्रति परेशान करने का तरीका निकाला है ताकि वर्तमान सरकार की छवि धूमिल हो सके और इसमें कर्मचारी एवं अधिकारियों तथा साधन सरकारी समितियां के अध्यक्ष ने मिलकर मौज मस्ती कर रहे हैं जिसका भुगतान किसानों पर पड़ा रहा है
यूरिया खाद न मिलने से किसानों में हाहाकार,उच्च अधिकारी किसानों को कर रहे हैं लगातार गुमराह,किसानों को लाइन में लग कर घंटों घंटों करना पड़ता है इंतजार,वितरण में की जा रही मनमानी।
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के विकासखंड माल क्षेत्र में कई साधन सरकारी समितियों पर खाद न मिलने से किसानों में त्राहि त्राहि मची है। एक तरफ उच्च अधिकारी कहते हैं कि यूरिया खाद का काफी मात्रा में समितियों पर खाद उपलब्ध है। लेकिन वही अगर धरातल की बात की जाए तो किसानों को खाद मिल ही नहीं पा रही है। लगातार लाइनों में घंटों घंटों खड़े हो रहे किसान फिर भी नहीं मिल रही यूरिया खाद।
कई जगह ऐसी जहां पर हो रही काला बाजारी, सरकारी एमआरपी रेट 266.रुपए कुछ पैसे है। लेकिन कहीं कहीं पर उच्च दामों पर बेची जा रही यूरिया खाद,आखिर सरकार किसानों को क्यों नहीं उपलब्ध करा पर रहीं खाद, मलिहाबाद माल सहित कई जगहों पर कई समितियों पर खाद की किल्लत के कारण किसानों को काफी सुबह से लेकर शाम तक काफी लंबी कतारों में लगकर खाद के लिए काफी परेशानी का सामना उठाना पड़ रहा है।




