न्यूज ऑफ इंडिया (एजेंसी) लखनऊ। राज्य संग्रहालय, लखनऊ, संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश एवं अवध चिकनकारी प्रो0 क0 लि0, लखनऊ के संयुक्त तत्वावधान में कला अभिरूचि पाठ्यक्रम के अन्तर्गत आयोजित चिकनकारी पर आधारित कार्यशाला एवं व्याख्यान (दिनांक 04 मार्च, 2025 से 12 मार्च, 2025) के पांचवें दिवस पर आज दिनांक 08 मार्च, 2025 को मास्टर ट्रेनर सुश्री रानी सिद्दीकी- राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त एवं अरशी फातिमा द्वारा सभी प्रशिक्षुओं को चिकनकारी के 32 टांकों के प्रकारों में कंगन, जाली वर्क, बिजली, कौड़ी, काण स्टीच, रौजन, सादा फन्दा, आउट लाइन, मुर्री, होल, उल्टी बखिया, गाठ, फन्दा और सीधी बखिया आदि टांकें सिखाये गये।
इसके साथ ही उक्त प्रशिक्षण के पश्चात कार्यक्रम प्रभारी डॉ0 मीनाक्षी खेमका, सहायक निदेशक द्वारा सभी प्रशिक्षुओं को गोमतीनगर, विशाल खण्ड स्थित श्रीमती मन्जू जलोटा द्वारा स्थापित चिकनकारी इन्डस्ट्रीज में भ्रमण कराया गया। सभी प्रशिक्षुओं को इन्डस्ट्री में श्रीमती जलोटा द्वारा चिकनकारी की छपाई से लेकर धुलाई तक की सम्पूर्ण प्रक्रिया का अवलोकन कराते हुए विस्तृत जानकारी प्रदान की गयी।
उक्त प्रशिक्षण को सफल बनाने मे कार्यक्रम प्रभारी डॉ0 मीनाक्षी खेमका, सहायक निदेशक के साथ डॉ0 अनिता चौरसिया, शारदा प्रसाद त्रिपाठी, प्रमोद कुमार, श्रीमती मनोजनी देवी, शशिकला राय, श्रीमती गायत्री गुप्ता, राहुल सैनी, अनुराग द्विवेदी एवं परवेज आदि की भूमिका महत्वपूर्ण रही।





