लखनऊ। राजधानी स्थित चिकित्सा सेवा के प्रमुख केंद्र, बलरामपुर चिकित्सालय ने मंगलवार को अपना 157वां स्थापना दिवस अत्यंत हर्षोल्लास के साथ मनाया।
इस अवसर पर आयोजित भव्य समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री श्री ब्रजेश पाठक जी उपस्थित रहे। उन्होंने अस्पताल की स्वर्णिम यात्रा की सराहना करते हुए इसे जन-सेवा का एक अनुपम उदाहरण बताया।
स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार और आधुनिकीकरण
स्थापना दिवस के इस पावन अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने चिकित्सालय परिसर में कई नई सुविधाओं का लोकार्पण किया, जिनमें शामिल हैं: अत्याधुनिक डायलिसिस यूनिट। ऊर्जा आत्मनिर्भरता के लिए सोलर पैनल। वार्ड संख्या 11 में मरीजों की सुविधा हेतु नवीन लिफ्ट।
उपमुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि यह चिकित्सालय न केवल उच्च स्तरीय उपचार प्रदान करता है, बल्कि नर्सिंग और अन्य चिकित्सा पाठ्यक्रमों के माध्यम से चिकित्सा शिक्षा का भी एक उत्कृष्ट केंद्र है। उन्होंने याद दिलाया कि यहाँ पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और पूर्व मुख्यमंत्री रामप्रकाश गुप्त जैसी महान हस्तियों का उपचार हो चुका है।
कुशल नेतृत्व और टीम भावना
संस्थान की निदेशक डॉ. कविता आर्य जी के कुशल मार्गदर्शन में चिकित्सालय निरंतर नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उपमुख्यमंत्री ने अस्पताल की ‘टीम भावना’ की सराहना करते हुए कहा कि यहाँ के चिकित्सक हर मरीज को अपने परिवार का हिस्सा मानकर सेवा करते हैं।
समारोह में गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम के दौरान चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री श्री मयंकेश्वर शरण सिंह जी, महानिदेशक (परिवार कल्याण) डॉ. पवन कुमार अरुण, महानिदेशक (प्रशिक्षण) डॉ. एच.डी. अग्रवाल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (लखनऊ) डॉ. एन.बी. सिंह, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. हिमांशु चतुर्वेदी, और चिकित्सा अधीक्षक डॉ. देवाशीष शुक्ला सहित स्वास्थ्य विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी और नर्सिंग कर्मी उपस्थित रहे।
बलरामपुर चिकित्सालय अपनी 776 बेड की क्षमता के साथ अब बिजली उत्पादन में भी आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ चुका है, जो इसके आधुनिक और प्रगतिशील स्वरूप का प्रतीक है।




