लखनऊ। (संवाददाता) राजधानी लखनऊ के हजरतगंज स्थित विधानसभा के सामने अपनी लंबित मांगों और सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर दिव्यांग विकास सोसाइटी द्वारा एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान प्रदेश भर से आए सैकड़ों दिव्यांगों ने सरकार की कार्यशैली पर गहरा रोष व्यक्त किया और जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे दिव्यांग विकास सोसाइटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजीत सिंह आजाद ने सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि वर्तमान सरकार में दिव्यांगों की सुध लेने वाला कोई नहीं है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा:
“सरकारी दफ्तरों में दिव्यांगों का कोई भी काम बिना रिश्वत के नहीं होता। अधिकारी और कर्मचारी दिव्यांग भाई-बहनों से काम के बदले पैसों की मांग करते हैं। भ्रष्टाचार का यह आलम अब बर्दाश्त से बाहर है।”
नाम बदला पर नहीं बदली स्थिति
लखनऊ जिला अध्यक्ष अनिल कनौजिया ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार ने ‘विकलांग’ से ‘दिव्यांग’ नाम तो कर दिया, लेकिन उनकी जमीनी हकीकत आज भी जस की तस बनी हुई है। उन्होंने कहा कि सम्मान केवल कागजों पर है, असलियत में दिव्यांग आज भी बुनियादी सुविधाओं के लिए दर-दर भटक रहे हैं।
आंदोलन के दौरान जब जिला अध्यक्ष अनिल कनौजिया के नेतृत्व में दिव्यांगों ने विधानसभा की ओर कूच करने की कोशिश की, तो लखनऊ पुलिस ने उन्हें बीच में ही रोक दिया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी नोकझोंक भी हुई। बाद में, पुलिस प्रशासन की मध्यस्थता के जरिए दिव्यांगों ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के मुख्य सचिव को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा।
दिव्यांग विकास सोसाइटी ने शासन को अपनी समस्याओं की सूची सौंपी है, जिसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित मांगें शामिल हैं, मासिक पेंशन को बढ़ाकर ₹5000 किया जाए। सभी पात्र दिव्यांगों को प्राथमिकता पर सरकारी आवास और शौचालय की सुविधा मिले। अंत्योदय राशन कार्ड और आयुष्मान कार्ड की उपलब्धता सुनिश्चित हो। स्वरोजगार के लिए बिना बाधा लोन की व्यवस्था की जाए।
अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी
जिला अध्यक्ष ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जल्द ही इन मांगों पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो प्रदेश भर के दिव्यांग भाई-बहन एक बार फिर लखनऊ में जुटेंगे और विधानसभा के सामने अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे।
इस प्रदर्शन में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मनोज राजपूत, ब्लॉक अध्यक्ष कन्हैया, आगरा से राजकुमार, मथुरा से कल्पना ठाकुर समेत भारी संख्या में दिव्यांग जन उपस्थित रहे।




