ए अहमद सौदागर लखनऊ। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की “जीरो टॉलरेंस” नीति और डीजीपी राजीव कृष्ण के सख्त निर्देशों के बाद भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने एक दिन में दो बड़ी ट्रैप की कार्रवाई किया।बुधवार को संगठन की अलीगढ़ और आजमगढ़ इकाइयों ने रिश्वत लेते दो सरकारी अफसरों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया।
अलीगढ़: विद्युत विभाग का बाबू 40 हजार लेते अरेस्ट
कक्ष संख्या-5, लेखा अनुभाग, विद्युत वितरण खण्ड इगलास, अलीगढ़ में प्रभात कुमार गुप्ता, कार्यकारी सहायक, विद्युत वितरण खण्ड इगलास निवासी रस्तोगी नगर बालागंज, थाना ठाकुरगंज, लखनऊ अरेस्ट हुए।
यतेन्द्र भारद्वाज उर्फ गौरव, निवासी श्रीधाम कॉलोनी कस्बा इगलास ने शिकायत किया था कि विद्युत कार्य के बिलों का भुगतान कराने के एवज में प्रभात गुप्ता ने रिश्वत मांगी थी। इंस्पेक्टर अनिल कुमार यादव के नेतृत्व में टीम ने 40 हजार रुपये रिश्वत लेते प्रभात को ऑफिस से ही दबोच लिया। अभी विधिक कार्रवाई चल रही है।
आजमगढ़/बलिया: लेखपाल 5 हजार लेते गिरफ्तार
कमरा नं.22, प्रथम तल, तहसील सदर बलिया में रामप्रताप राम, राजस्व निरीक्षक, तहसील सदर बलिया स्व. दिलचन्द्र राम, निवासी ग्राम बोस्ट दया छपना, थाना बैरिया, बलिया अरेस्ट हुए।
अशोक कुमार सिंह, निवासी सोनवानी थाना हल्दी बलिया ने शिकायत किया था कि जमीन की पैमाइश कराने की एवज में लेखपाल ने 5 हजार रुपये मांगे थे।इंस्पेक्टर कमलेश कुमार पासवान के नेतृत्व में टीम ने तहसील के कमरे में 5 हजार की रिश्वत लेते रामप्रताप राम को अरेस्ट किया।भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस में कोई भी अफसर बख्शा नहीं जाएगा।भ्रष्टाचार निवारण संगठन नें
जनता से अपील की है कि अगर कोई सरकारी कर्मचारी रिश्वत मांगे तो तुरंत भ्रष्टाचार निवारण संगठन उत्तर प्रदेश से को शिकायत करें।




