विदेशी कंपनी से होता था भुगतान
ए अहमद सौदागर लखनऊ। यूपी एसटीएफ ने ऑनलाइन गेमिंग और लाइव होस्टिंग ऐप चमेट के जरिये अवैध वित्तीय गतिविधियां चलाने वाले संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड समेत तीन सदस्यों को मथुरा से गिरफ्तार किया है।एसटीएफ मुख्यालय की साइबर टीम को लंबे समय से इस गिरोह की जानकारी मिल रही थी।अपर पुलिस अधीक्षक विशाल विक्रम सिंह के पर्यवेक्षण में रविवार सुबह 4.50 बजे एसटीएफ और मथुरा पुलिस की संयुक्त टीम ने ए 22 मोतीकुंज, थाना हाइवे मथुरा में छापा मारकर कार्रवाई की।
गिरफ्तार आरोपी प्रवीन कुमार उर्फ प्रकाश पुत्र प्रहलाद सिंह ग्राम सिहोरा, थाना यमुनापार, मथुरा जो मास्टरमाइंड है उसकी उम्र 26 वर्ष है। विपिन कुमार – लक्ष्मी नगर, थाना यमुनापार, मथुरा, 26 वर्ष और अर्जुन दिवाकर – मालीपाड़ा, थाना हाइवे, मथुरा, 27 वर्ष के पास से सात मोबाइल फोन व एक सीपीयू, तीन चेकबुक व एक पासपोर्ट, आधार-डेबिट कार्ड, 58 स्क्रीनशॉट और फोर्ड कार बरामद किया।
पूछताछ में मास्टरमाइंड प्रवीन ने बताया कि 2023 में एक हैकर ने उसे चमेट ऐप के बारे में बताया। इसमें दूसरे की फोटो लगाकर फर्जी आईडी बनती है। आईडी बनते ही यूपीआई / क्रेडिट कार्ड से 300 रुपये में 10 हजार कॉइन मिल जाते हैं।
लड़कियों को होस्ट के लिए 12-15 हजार सैलरी पर रखा जाता था। यूजर जब लड़कियों को गिफ्ट में कॉइन देता था तो 50% होस्ट को और 50 प्रतिशत चमेट कंपनी रखती थी। वीडियो कॉलिंग पर 60 प्रतिशत होस्ट और 40 प्रतिशत कंपनी का बंटवारा था। डॉलर को रुपये में बदलकर अर्री पे व एपाय एप्प से बैंक खाते में मंगाया जाता था।
आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्यवाही की जा रही है। इस पैसे से ऑनलाइन गेमिंग में कलर प्रिडिक्शन, कार रेसिंग जैसे जुए खिलाये जाते थे। ऐप का नाम समय-समय पर बदलकर अब चिल्लीचाट के नाम से प्ले स्टोर पर चल रहा है। अब तक करोड़ों रुपये का लेनदेन हो चुका है।गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है। बरामद इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।





