रहीमाबाद, लखनऊ। (संवाददाता) राजधानी लखनऊ के थाना रहीमाबाद क्षेत्र अंतर्गत ग्राम तरौना में बंदरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार को बंदरों के हमले में एक 12 वर्षीय छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गई, जिससे पूरे गांव में दहशत का माहौल है।
ग्राम तरौना निवासी बबलू चौरसिया की पुत्री अनन्या (12), जो ग्राम मुंशी खेड़ा के जूनियर हाई स्कूल में कक्षा 8 की छात्रा है, बुधवार को छत पर सूखे कपड़े उठाने गई थी। इसी दौरान बंदरों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया और उसे बुरी तरह काटकर छत से नीचे फेंक दिया। चीख-पुकार सुनकर दौड़े परिजनों और पड़ोसियों ने आनन-फानन में अनन्या को रहीमाबाद के जीवन धारा अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
प्रशासन की लापरवाही से ग्रामीणों में रोष
ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में बंदरों का आतंक काफी समय से बना हुआ है और इससे पहले भी कई लोग इनके हमले में घायल हो चुके हैं। अखबारों में लगातार खबरें प्रकाशित होने के बावजूद जिम्मेदार विभागीय कर्मचारी और प्रशासनिक अधिकारी आंखें मूंदकर बैठे हैं।
प्रशासनिक स्तर पर कोई सुनवाई न होने से आहत ग्रामीणों ने अब प्रदेश के मुख्यमंत्री से गुहार लगाई है। ग्रामीणों की मांग है कि मामले का संज्ञान लेकर तत्काल प्रभाव से बंदरों को पकड़वाने के निर्देश दिए जाएं, ताकि गांव को इस भय से मुक्ति मिल सके।





